जयपुर। राजस्थान भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं नोखा के पूर्व विधायक बिहारीलाल बिश्नोई ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा से शिष्टाचार मुलाकात की. इस दौरान पर्यावरण संरक्षण, खेजड़ी सहित अन्य वृक्षों को बचाने तथा सोलर परियोजनाओं से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा हुई. बीकानेर संभाग संयोजक, सोशल मीडिया भाजपा राजस्थान कोजूराम सारस्वत ने बताया कि पर्यावरण प्रेमियों की लंबे समय से चली आ रही मांग पर बजट सत्र में मुख्यमंत्री ने घोषणा की थी कि सोलर प्लांट लगाने वाली कंपनियों को 10 प्रतिशत भूमि पर वन क्षेत्र विकसित करना होगा. इसी घोषणा को अमलीजामा पहनाते हुए हाल ही में हुई कैबिनेट बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है. इसके लिए बिहारीलाल बिश्नोई ने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया.
कोजूराम सारस्वत ने बताया कि राजस्थान के राज्य वृक्ष खेजड़ी तथा अन्य वृक्षों को कटने से बचाने के लिए पश्चिमी राजस्थान के 36 बिरादरी के पर्यावरण प्रेमियों एवं संत समाज द्वारा लंबे समय से आवाज उठाई जा रही है. मुख्यमंत्री ने बजट सत्र में सदन के पटल पर घोषणा की थी कि विभिन्न प्रदेशों के ट्री एक्ट का अध्ययन करते हुए राजस्थान में भी एक मजबूत एवं प्रभावी कानून बनाया जाएगा.
इस दिशा में मुख्यमंत्री के निर्देश पर प्रदेश सरकार द्वारा एक उच्च स्तरीय कमेटी का गठन किया गया, जिसमें विधि मंत्री, पर्यावरण मंत्री, राजस्व मंत्री सहित संबंधित विभागों के उच्च अधिकारी एवं समाज के प्रमुख विधिवेत्ताओं को शामिल किया गया. कमेटी ने विभिन्न बैठकों में राजस्थान में विद्यमान कानूनों तथा देश के अन्य राज्यों के ट्री एक्ट का विस्तृत अध्ययन कर सभी पहलुओं पर विचार किया और एक ड्राफ्ट तैयार कर सरकार को सौंप दिया है.
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में प्रदेश सरकार आगामी मानसून सत्र से पहले होने वाली कैबिनेट बैठक में इस ड्राफ्ट का अनुमोदन कर इसे मानसून सत्र में विधानसभा के पटल पर विचारार्थ रखेगी. व्यापक विचार-विमर्श एवं चर्चा के बाद राजस्थान में एक प्रभावी एवं मजबूत ट्री एक्ट अस्तित्व में आने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया जाएगा. मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री जी के 14 एवं 15 अगस्त को बीकानेर प्रवास को लेकर भी विचार-विमर्श हुआ. पर्यावरण संरक्षण एवं राजस्थान की हरित विरासत को बचाने की दिशा में सरकार के इन निर्णयों को महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है.

