बीकानेर जिले में कानून-व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए पुलिस प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है. अब जिले के सभी 32 शहरी और ग्रामीण पुलिस थानों में ‘यूथ विंग’ का गठन किया जाएगा, जिसमें 18 से 30 साल तक के पढ़े-लिखे, जागरूक और सक्रिय युवाओं को शामिल किया जाएगा. इस पहल का उद्देश्य युवाओं को सीधे तौर पर पुलिस व्यवस्था से जोड़ना और अपराध नियंत्रण में उनकी भागीदारी सुनिश्चित करना है. खास बात यह है कि इस यूथ विंग में केवल नॉन-पॉलिटिकल और बिना आपराधिक रिकॉर्ड वाले युवाओं को ही शामिल किया जाएगा.
क्या होगी भूमिका ?
यूथ विंग के सदस्य पुलिस को क्षेत्र में होने वाली आपराधिक गतिविधियों और कानून-व्यवस्था से जुड़ी सूचनाएं देंगे. इसके अलावा नशे के खिलाफ अभियान में भी उनकी अहम भूमिका होगी. युवाओं के जरिए आमजन को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक किया जाएगा.
30 दिन में बनेगी सूची
सभी थाना प्रभारियों (SHO) को निर्देश दिए गए हैं कि वे 30 दिनों के भीतर योग्य युवाओं की सूची तैयार करें. सर्किल ऑफिसर (CO) इसकी मॉनिटरिंग करेंगे, जबकि एसपी स्तर पर अंतिम चयन किया जाएगा.
CLG में भी बदलाव
पुलिस ने कम्युनिटी लाइजनिंग ग्रुप (CLG) में भी बड़े बदलाव के संकेत दिए हैं. लंबे समय से निष्क्रिय या सिफारिश के आधार पर जुड़े सदस्यों को हटाकर अब सक्रिय और जिम्मेदार लोगों को शामिल किया जाएगा.
एसपी का बयान –
जिला पुलिस अधीक्षक मृदुल कच्छावा के अनुसार, “यूथ विंग में खासकर स्टूडेंट्स को शामिल किया जाएगा. वे बेधड़क होकर क्षेत्र की जानकारी देंगे, कमियां भी बताएंगे. इससे पुलिस को मदद मिलेगी और व्यवस्था में सुधार भी आएगा.”
बीकानेर पुलिस का यह कदम युवाओं को जिम्मेदारी देने के साथ-साथ अपराध नियंत्रण में नई ऊर्जा लाने की दिशा में अहम माना जा रहा है.
