बीकानेर में केन्द्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के प्रवास के दौरान आज जेडआरयूसीसी सदस्य नरेश मित्तल, डीआरयूसीसी सदस्य एवं बीकानेर जिला उद्योग संघ अध्यक्ष द्वारकाप्रसाद पचीसिया, जेडआरयूसीसी सदस्य अनन्तवीर जैन, जेडआरयूसीसी सदस्य संपत पारीक, जेडआरयूसीसी सदस्य एडवोकेट अशोक बोबरवाल, डीआरयूसीसी सदस्य पंकज अग्रवाल, डीआरयूसीसी सदस्य अनिल शुक्ला ने बीकानेर के रेल यात्रियों के सुविधार्थ एवं रेल सेवाओं के विस्तार हेतु संयुक्त मांग पत्र सौंपा. सभी ने संयुक्त पत्र के माध्यम से बताया कि लालगढ़ से साबरमती ट्रेन चालू करने के लिए केन्द्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव एवं केन्द्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल का आभार जताया.
मांग पत्र में बताया गया कि बीकानेर से जयपुर के मध्य वन्दे भारत ट्रेन चलाने की नितांत आवश्यकता है क्योंकि बीकानेर जिले से काफी संख्या में आम नागरिक व्यापारी व् उद्योगपति इत्यादि का जयपुर आवागमन रहता है. इस ट्रेन को चलाने से न केवल रेल यात्री लाभान्वित होने बल्कि रेलवे का राजस्व भी बढ़ेगा तथा यह ट्रेन बीकानेर जयपुर के मध्य इंटरसिटी ट्रेन की कमी भी पूरी करेगी. साथ ही बताया कि वर्तमान में बीकानेर से कालका, चंडीगढ़ के लिए कोई सीधा रेल संपर्क नहीं है, जबकि पहले बाड़मेर से कालका आधी गाडी तथा बाड़मेर से ऋषिकेश आधी गाडी जाती थी. जिसको कि LBH रेक से बाड़मेर से ऋषिकेश कर दिया गया है. इसलिए अनुरोध है कि बीकानेर से कालका वाया चंडीगढ़ नई रेलगाड़ी चालाई जाए ताकि आम जनता लाभान्वित हो सके. बीकानेर से उदयपुर के मध्य कोई सीधा रेल सम्पर्क नहीं है जबकि काफी संख्या में यात्रियों का उदयपुर के लिए आवागमन होता है. इस हेतु बीकानेर उदयपुर वाया फुलेरा साप्ताहिक गाड़ी चलाई जाए.
साथ ही बीकानेर संभाग से लगभग 30 हजार व्यक्ति तिरुपति संसदीय क्षेत्र में कार्यरत है तथा बीकानेर संभाग से काफी यात्रियों का तिरुपति बालाजी दर्शनार्थ आना जाना रहता है जबकि बीकानेर से कोई भी सीढ़ी रेल सेवा उपलब्ध नहीं है. जिससे यात्रियों को काफी असुविधा का सामना करना पड़ता है. यात्रियों की सुविधा के लिए बीकानेर से तिरुपति के मध्य एक नई साप्ताहिक सुपर फास्ट ट्रेन चलाई जाए. बीकानेर से हरिद्वार के लिए काफी तादाद में यात्री सफर करते हैं. क्योंकि हरिद्वार लोगों की धार्मिक आस्था से जुदा है तथा हरिद्वार जाकर लोग गंगा में अस्थियाँ विसर्जन करते हैं. उक्त गाडी बीकानेर से सप्ताह में 3 दिन चलती है जबकि यात्रियों की मांग को देखते हुए उक्त गाडी को प्रतिदिन चलाया जाना चाहिए तथा इस गाडी का समय परिवर्तन करके साय 6.30 बजे चालाया जाए ताकि तीर्थ यात्रियों को हरिद्वार में अस्थि विसर्जन करने तथा पूजा अर्चना के लिए समुचित समय मिल सके तथा उसी दिन वापसी कर सके तथा इस गाडी को योग नगरी तक विस्तारित किया जाए. उक्त गाडी को 6.30 बजे चलाने से बीकानेर हिसार के मध्य चलने वाली डीएमयूं का रैक भी सरप्लस हो जाएगा. इससे यात्रियों को राहत मिलेगी तथा रेलवे के राजस्व में बढ़ोतरी होगी. वर्तमान में गाड़ी संख्या 22632 जो कि बीकानेर से मदुरै तक संचालित हो रही है इसे बढाकर रामेश्वरम तक किया जाए जिससे काफी संख्या में जाने वाले संभाग के तीर्थ यात्रियों को सीधे रामेश्वरम जाने की सुविधा मिल सकेगी.
इसके साथ साथ गाड़ी संख्या 12403/12404 प्रयागराज-जयपुर – बीकानेर सुपरफास्ट एक्सप्रेस गाड़ी को 3 दिन वाया झुंझुनू, सादुलपुर, बीकानेर तथा 4 दिन बीकानेर से वाया चूरू, रतनगढ़ चलाई जा रही है. वर्तमान में इसे 3 दिन वाया झून्झूनू सादुलपुर चलाये जाने से रेल्वे को कोई विशेष राजस्व नहीं मिल रहा क्योंकि बीकानेर से चूरू तक के यात्री इसमें नहीं जाते क्योंकि इसमें समय व किराया अधिक लगता है. झुंझुनू, सादुलपुर, बीकानेर गाड़ी से प्राप्त राजस्व को आप रेल्वे के रिकोर्ड से तस्दीक भी कर सकते हैं. इस गाड़ी को प्रतिदिन बीकानेर से वाया चूरू फतेहपुर रूट पर चलाया जाए. इससे बीकानेर के रेल यात्रियों को काफी सुविधा के साथ साथ राजस्व प्राप्ति भी होगी तथा यात्री भार मिलने के साथ बीकानेर के यात्रियों को इसका समुचित लाभ मिलेगा.

